agri in schools

स्कूली पाठ्यक्रम में शामिल हो कृषि विज्ञान

बेंगलुरु । कृषि तथा कृषि संबंधित व्यवसाय भारत में आजीविका का सबसे बड़ा स्रोत हैं। 70 प्रतिशत ग्रामीण परिवार अब भी अपनी आजीविका के लिए मुख्य रूप से कृषि पर आश्रित हैं। हालांकि भारत खाद्यान्न में आत्मनिर्भर है किन्तु ज़्यादातर किसानों के लिए कृषि लाभदायक व्यवसाय नहीं रहा जिस कारण अधिकतर किसान खेती छोड़कर गांवों […]

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indian farming

शहरी खेती स्वयं व पर्यावरण का बेहतर स्वास्थ्य विकल्प

बेंगलुरु। सदियों से, भारत में कृषि एक ग्रामीण गतिविधि रही है। किंतु हानिकारक रासायनिक उर्वरकों, कीटनाशकों एवं खेती में अनुपचारित औद्योगिक तथा घरेलू अपशिष्ट जल के प्रयोग एवं इनसे स्वास्थ्य पर पड़ने वाले विपरीत परिणाम के चलते धीरे-धीरे कुछ शहरी लोगों में भी कृषि के प्रति रुचि जागृत होने लगी है और इस प्रकार “शहरी […]

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farming sysytem

एकीकृत कृषि प्रणाली किसानों को वरदान

बेंगलुरु। बढ़ती जनसंख्या की ही गति से जो समस्या बढ़ रही है वह है इस जनसंख्या को सहारा देने के लिए ज़मीन की कमी, फिर चाहे वह मकान के लिए हो या अनाज के लिए। मकान की कमी को पूरी करने के लिए, खासकर बड़े शहरों में, बहुमंजिली इमारतों का निर्माण किया का रहा है। […]

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Ploughing

जैविक खेती से दें पर्यावरण को नया जीवन

बेंगलुरु । भारत में हरित क्रांति की शुरुआत 1960 के दशक में हुई। इसके साथ सदियों से चली आ रही पारंपरिक खेती का स्थान एक ऐसी तकनीक ने ले लिया जिसमें खेती के आधुनिक तरीकों का इस्तेमाल किया जाने लगा मसलन अधिक उत्पादन देने वाली अनाज की किस्में (HYV), बेहतर सिंचाई प्रबंधन, खेती में अधिक […]

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food processing

खाद्य प्रसंस्करण उद्योग के विकास से देश का विकास

बैंगलुरु । भारत एक कृषि आधारित देश है। यहां की लगभग आधी जनसंख्या, प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से, कृषि क्षेत्र में कार्यरत है। किन्तु इस क्षेत्र का सकल घरेलू उत्पाद में योगदान मात्र 17.5% के लगभग ही है। इससे भी ज़्यादा चिंताजनक विषय यह है संयुक्त राष्ट्र खाद्य एवं कृषि संगठन के आंकड़ों के अनुसार […]

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